Exclusive : अघोषित बिजली कटौती से कटगी वासी परेशान…नौतपा में धूप और बिजली विभाग दोनों सता रहे…शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं…
दिनेश देवांगन
कटगी : पुराना बस स्टैंड कटगी के बिजली उपभोक्ता लगातार एक माह से परेशान हैं, आये दिन यहां बिजली तारों के बीच से चिंगारी निकलती रहती है, जिसके कारण पुराना बस स्टैंड के उपभोक्ताओं को बिजली बंद होने के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इससे दैनिक दिन चर्या प्रभावित हो रही है।

गांव में एक दिन में 4-5 बार बंद हो रही है बिजली : हर दिन गांव में कई बार बिना सूचना दिये बिजली बंद किया जा रहा है, जो कि इन दिनों गर्मी का मौसम है साथ ही नौतपा आमजनों को सता रहा है, इसके बाद भी बिजली विभाग आंख-मिचौली खेल रही है।
बता दे कि पुराना बस स्टैंड में स्थित पीपल का पेड़ जो वर्षों पुराना है, उसी के नीचे से होकर बिजली की तार गुजरती है जो कि शॉर्ट सर्किट होने का कारण बनता है, साथ ही यहां के तार काफी समय से लगे होने के कारण पुराना हो गया है और जगह-जगह से तार को जोड़ा गया है, जिसके कारण तार लूज हो रही है। फिर हवा तेज होने के कारण तार आपस में टकराने लगते हैं, जिससे तार टूट कर गिर जाती है जिसके बाद घंटों तक बिजली आपूर्ति बाधित रहती है।

शिक़ायत में कार्यवाही कब ?
कनिष्ठ यंत्री कटगी के पास लिखित में 14 मई को शिकायत किया गया है, जिसमें पीपल का पेड़ को कटवाने की बात कही गई है यहां पेड़ होने के कारण बंदर आये दिन आते रहते हैं और कई बंदर बिजली के तार से चिपकर मर जाते हैं, जिसके बाद भी विभाग इस समस्या का हल नहीं कर रही हैं। जो कि बिजली विभाग के उदासीनता को दर्शाता है।
6 मई को शॉर्ट सर्किट होने के कारण पूरे मोहल्ले का बिजली उपकरण खराब हुआ था, जिनमें लोगों के बल्ब, पंखा, कूलर , फ्रीज जैसे उपकरण खराब हुए थे। जिसकी जानकारी जेई कटगी को दिया गया था। हालांकि उपभोक्ताओं ने बिजली उपकरण खराब होने पर शिकायत नहीं किये, लेकिन लगातार अघोषित बिजली कटौती ने उपभोक्ताओं के नाक में दम कर रखा है।
वही पुराना बस स्टैंड कटगी में ट्रांसफार्मर के पास सर्किट बॉक्स का दरवाजा खुला होने कारण जानवर व लोगों को करंट से चिपकने के सम्भावना है। जो कि बिजली विभाग के कर्मचारियों की गलती है जो बाक्स की दरवाजा बंद करना भूल जाते हैं। जिससे बड़ा हादसा होने की आशंका जताई जा सकता है।
उपभोक्ताओं की मांग : पुराना बस स्टैंड के उपभोक्ताओं ने बिजली तार को बदलने और पीपल पेड़ को कटवाने की मांग की है।








